“लक्षणों को जानें, जोखिमों को नियंत्रित करें – स्ट्रोक को रोकें इससे पहले कि यह आपको रोक दे।”-डॉ. राजेश्वर (एमबीबीएस, एमडी, डीएम),

 “लक्षणों को जानें, जोखिमों को नियंत्रित करें – स्ट्रोक को रोकें इससे पहले कि यह आपको रोक दे।”

लुधियाना – स्ट्रोक मृत्यु और विकलांगता का एक प्रमुख कारण है, जब मस्तिष्क में रक्त की आपूर्ति बाधित या कम हो जाती है, जिससे मस्तिष्क के ऊतकों को ऑक्सीजन की कमी हो जाती है।

🔴 स्ट्रोक के प्रकार

इस्केमिक स्ट्रोक – जब रक्त का थक्का मस्तिष्क में रक्त वाहिका को अवरुद्ध कर देता है।

रक्तस्रावी स्ट्रोक – जब मस्तिष्क के अंदर रक्त वाहिका फट जाती है।

⚠ ध्यान देने योग्य लक्षण

चेहरे, हाथ या पैर में अचानक सुन्नता या कमजोरी।

अचानक दृष्टि संबंधी समस्याएं।

अचानक तेज सिरदर्द।

⚠ जोखिम कारक
उच्च रक्तचाप, धूम्रपान, मधुमेह और उच्च कोलेस्ट्रॉल स्ट्रोक की संभावना को बढ़ाते हैं।

🩺 विशेषज्ञ सलाह
डॉ. राजेश्वर (एमबीबीएस, एमडी, डीएम), एसोसिएट प्रोफेसर और इंटरवेंशनल न्यूरोलॉजिस्ट, क्रिश्चियन मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल, लुधियाना, बताते हैं कि स्ट्रोक के लक्षणों को जल्द से जल्द पहचानना और तुरंत इलाज करवाना बेहद ज़रूरी है।

📞 संपर्क और आपातकालीन स्थिति के लिए: +91 80548 00122

 

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